लखनऊ । कोरोना संक्रमण के कारण जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों को योगी सरकार 50 हजार रूपये की मदद करेगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को कोविड प्रबंधन के लिये गठित टीम-09 की बैठक में कहा कि कोरोना के कारण असमय काल-कवलित हुए लोगों के परिजनों के हित संरक्षण के लिए केंद्र व राज्य सरकार द्वारा संवेदनशीलता के साथ अनेक प्रयास किये जा रहे हैं। इसी क्रम में परिजनों को अब राहत, सहयोग स्वरूप 50 हजार रुपये की राशि भी प्रदान की जाएगी। यह सुनिश्चित किया जाए कि एक भी पात्र परिवार इस राहत राशि से वंचित न रहे। इस संबंध में विस्तृत गाइडलाइंस यथाशीघ्र जारी कर दिए जाएं।
उन्होंने कहा कि राहत राशि वितरण के सुचारू क्रियान्वयन के लिए जिलों में जिलाधिकारी की अध्यक्षता में एक समिति गठित की जाए। केन्द्र सरकार के दिशा-निर्देशों के अनुरूप राहत राशि प्रदान करने के संबंध में सभी आवश्यक तैयारियां कर ली जाएं। यूपी में अब तक 62.65 फीसदी से लोगों ने वैश्विक महामारी कोविड-19 से बचाव के लिये टीके की कम से कम एक डोज लगवा ली है। एग्रेसिव ट्रेसिंग, टेस्टिंग और त्वरित ट्रीटमेंट के साथ-साथ तेज टीकाकरण की रणनीति कोविड से बचाव में अत्यंत कारगर रही है। आज 42 जिलों में एक भी एक्टिव केस नहीं है, जबकि 16 जिलों में एक-एक एक्टिव केस शेष हैं। पिछले 24 घंटे में हुई 01 लाख 41 हजार 543 सैम्पल की टेस्टिंग में आठ जिलों में कुल 10 नए संक्रमित मरीज पाए गए, जबकि 19 मरीज स्वस्थ होकर डिस्चार्ज हुए। वर्तमान में प्रदेश में एक्टिव कोविड केस की संख्या 119 रह गई है, जबकि 16 लाख 87 हजार 11 प्रदेशवासी कोरोना संक्रमण से मुक्त होकर स्वस्थ हो चुके हैं।
प्रदेश में अब तक 11 करोड़ 81 लाख 91 हजार से अधिक कोविड वैक्सीन डोज लगाए जा चुके हैं। 09 करोड़ 23 लाख लोगों को पहली डोज मिल चुकी है, जबकि 02 करोड़ 58 लाख से अधिक लोगों ने टीके की दोनों डोज प्राप्त कर ली है। इस प्रकार, 17.52 फीसदी से अधिक लोग पूरी तरह टीकाकवर प्राप्त कर चुके हैं। प्रदेश के कानपुर नगर, लखीमपुर-खीरी, जौनपुर, बलिया, देवरिया, बाराबंकी, अयोध्या, सोनभद्र, अमरोहा, चन्दौली, प्रतापगढ़, कुशीनगर, उन्नाव, बदायूं, सुल्तानपुर, बिजनौर, इटावा, हरदोई, शामली, ललितपुर, हापुड़, सीतापुर, गोंडा,  रामपुर, बस्ती, बहराइच, मीरजापुर, फरुर्खाबाद, मैनपुरी, एटा, बागपत, मऊ, संतकबीरनगर, चित्रकूट, फतेहपुर, कानपुर देहात, हमीरपुर, कौशाम्बी, श्रावस्ती, महोबा, कासगंज और हाथरस में कोविड का एक भी मरीज शेष नहीं है।