आगरा। शहीद हुए सब इंस्पेक्टर प्रशांत यादव को आगरा पुलिस लाइन में सलामी दी गई। इस मौके पर तमाम आला अधिकारी मौजूद रहे। एडीजी राजीव कृष्ण समेत तमाम अधिकारियों ने शहीद प्रशांत यादव को श्रद्धांजलि दी। इस मौके पर राज्यमंत्री जीएस धर्मेश पहुंचे और उन्होंने शहीद प्रशांत की परिवार वालों को 50 लाख की आर्थिक मदद भी दी। हालांकि मुख्य आरोपी विश्वनाथ अभी भी पुलिस की पकड़ से दूर है, जिस पर रासुका के तहत कार्रवाई की गई है। 
  बुधवार को एक झगड़े की सूचना पर गांव में गए दारोगा प्रशांत की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। पुलिस को सूचना मिली थी कि नहर्रा गांव में दो भाईयों के बीच झगड़ा हो रहा है। इसीके बाद खंदौली में तैनात पुलिस सब इंस्पेक्टर प्रशांत एक कांस्टेबल को लेकर मौके पर पहुंचे थे। वे झगड़ा शांत कराने की कोशिश कर रहे थे। तभी एक पक्ष के आरोपी ने उन्हें गोली मार दी थी। झगड़ा कर रहे दो भाइयें में से छोटे भाई ने पुलिस को देखकर गोली चलाई थी। गोली लगने से प्रशांत की मौके पर ही मौत हो गई। आईजी रेंज आगरा के मुताबिक, शिवनाथ और विश्वनाथ दो सगे भाई हैं। शिवनाथ बड़ा है विश्वनाथ छोटा है। शिवनाथ अपने पिता के हिस्से से निकले आलू को बाजार में बेचने के लिए जा रहा था। जिस पर विश्वनाथ ने मां का भी हिस्सा देने की बात कर विवाद किया। विवाद बढ़ता देख बड़े भाई शिवनाथ ने पुलिस को सूचना दी। मौके पर सब इंस्पेक्टर प्रशांत एक कान्स्टेबल के साथ पहुंचे। पुलिस को आता देख छोटा भाई विश्वनाथ वहां से भागने लगा और भागते हुए उसने दो फायर किए। जिसमें से एक गोली सब इंस्पेक्टर की गर्दन में जा लगी और मौके पर ही उनकी मौत हो गई। आरोपी विश्वनाथ फिलहाल फरार है।