आमतौर पर माता-पिता बच्चों की पसंद को नजरंदाज कर देते हैं। आपका बच्चा बड़ा होकर क्या बनेगा। आस-पास घट रही तमाम घटनाएं किस तरह उसके विचार गढ़ रहे हैं, उसके मन की बात क्या है, ये पता लगाना बहुत कठिन होता है लेकिन यह  नामुमकिन नहीं। वैसे तो सवाल पूछने पर वे अपने दिल की बात बता दें। लेकिन इस बात भी गुंजाइश रहती है कि वे अपनी सारी बात, खुराफात और जज़्बात शर्म और डर के कारण बयां नहीं कर पाते। बच्चों की पसंद-नापसंद की मदद से भी आपके उन्हें अच्छे से जान-समझ पाते हैं।  विशेषज्ञों के मुताबिक रंगों से बच्चों के व्यक्तित्व को आसानी से जाना जा सकता है। 
-लाल रंग को पसंद करने वाले बच्चे जीवन को भरपूर आनंद के साथ जीना पसंद करते हैं और उन्हें प्रकृति से बेहद प्यार होता है। बड़े कदम उठाने या फैसले लेने में वे हिचकिचाते नहीं है और हर पल ऊर्जा तथा रोमांच से भरे रहते हैं।   
- नीला रंग से लगाव रखने वाले बच्चे शांत स्वभाव के होते हैं और अपनी मंजिल को पाने के लिए वह बड़े रास्ते तय करना भी जानते हैं। वहीं गुलाबी रंग विशेषकर लड़कियों को बेहद पसंद होता है। यह मासूमियत और प्रकृति से लगाव को दर्शाता है। इस रंग को पसंद करने वाले बच्चे दान आदि कार्यो में रुचि रखते हैं।   
-पीला रंग को पसंद करने वाले बच्चे तर्पसंगत होते हैं और जीवन के प्रति अपनी सोच के साथ बने रहते हैं। ये बच्चे कल्पनाशील भी होते हैं।   
- काला रंग को पसंद करने वाले बच्चे मजबूत इरादों वाले और अपने जीवन के लक्ष्यों को हासिल करने के लिए प्रतिबद्ध होते हैं। इस रंग को पसंद करने वाले बच्चे अपनी सोच को लेकर सख्त मिजाज होते हैं और किसी भी रेस को जीतने के लिए बड़ा कदम उठाने से शर्माते नहीं हैं। वे सुंदरता और कभी न खत्म होने वाली शैली पर अधिक विश्वास रखते हैं।   
- हरा रंग को पसंद करने वाले बच्चे आत्मविश्वास से भरे और आकर्षक व्यक्तित्व केहोते हैं। वे किसी भी प्रम में आगे रहने के लिए अवसरों की तलाश करते हैं और किसी भी प्रकार की चुनौती का सामना करने से नहीं घबराते।  
- नारंगी रंग को पसंद करने वाले बच्चे मैत्रीपूर्ण व्यवहार रखने वाले और किसी भी माहौल में घुल-मिल जाते है। ऐसे बच्चों के प्रति हर किसी को लगाव होता है।