बच्चे बहुत मासूम होते हैं। उनका दिल पाक साफ होता है। जो उनके मन में होता वह वही बोलते और वही करते हैं। फिर भी कई बार मां-बाप बच्चे को समझ नहीं पाते। कभी- कभी तो वह  यह भी नहीं जान पाते की उनको क्या हुआ है।  वह क्या चाहते हैं। इन्हीं कारणों से अभिभावक बच्चे के स्वभाव को लेकर परेशान होने लगते हैं। अब आपको बच्चे के स्वाभव को लेकर चिंता करने के जरूरत नहीं है। आप अपने बच्चे के फेवरेट कलर के माध्यम से उनकी पर्सनालिटी व स्वभाव के बारे में जान सकते हैं। तो चलिए जानते हैं उन तरीकों के बारे में।
नीला रंग
जो बच्चा नीले रंग को पसंद करता है वह हमेशा खुद को दूसरों से बेहतर दिखाने की कोशिश करता है। उनका स्वाभाव न ज्यादा चंचल और न ही भोला होता है। खेल- कूद करने के साथ ही इनको पढ़ाई लिखाई का भी शौंक होता है। जिन बच्चों को यह रंग पसंदीदा होता है वह अपने काम से मतलब रखते हैं ज्यादा किसी से बात नहीं करते।
हरा रंग
हरा रंग पसंद करने वाले बच्चे बड़े ही आकर्षक व आत्मविश्वासीय होते हैं। ये इतनी प्यारी बाते करते हैं कि सबका ध्यान खूद व खूद इनकी ओर हो जाता है।  ऐसे बच्चे हमेशा सकारात्मक सोच रखते हैं और जीवन की कठिन से कठिन चुनौतियों का सामना डट कर करते हैं।
काला रंग
कुछ बच्चों को काला रंग बहुत पसंद होता है। इस रंग को पसंद करने वाले तेज दिमाग के सथ पक्के इरादो वाले और कड़वी जबान के होते है लेकिन इनका मन के साफ होते हैं। 
लाल रंग
जिन बच्चों का लाल रंग फेवरेट होता हैं वह स्वभाव के शरारती और बहुत फुर्तिले होतें हैं। इन्हें किसी भी तरह की रोक-टोक पसन्द नहीं होती। ऐसे बच्चे अपने विचारों को दूसरों के सामने बहुत ही अच्छे तरीके से रखते हैं।
पीला रंग
पीले रंग को पसंद करने वाले बच्चे शांति व सादगी प्रिय होते हैं। ऐसे बच्चे अपनी बात को जल्दी किसी के साथ शेयर नहीं करते। ये बच्चे कभी झूठ नहीं बोलते।
गुलाबी
 जिन बच्चों का पसंदीदा रंग गुलाबी होता है वे हर पल का आनंद लेना चाहते हैं।